
Pradhan Mantri Krishi Sinchayee yojna : भारत एक कृषि प्रधान देश है और किसानों की आय बढ़ाने में सिंचाई की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। इसी उद्देश्य से भारत सरकार ने वर्ष 2015 में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) की शुरुआत की। इस योजना का मुख्य लक्ष्य है – “हर खेत को पानी” और “कम पानी में अधिक उत्पादन”।
यह योजना किसानों को आधुनिक सिंचाई तकनीक अपनाने के लिए प्रोत्साहित करती है और ड्रिप एवं स्प्रिंकलर सिस्टम पर सब्सिडी प्रदान करती है। आइए इस योजना को विस्तार से समझते हैं।
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना क्या है ?
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना भारत सरकार द्वारा संचालित एक राष्ट्रीय स्तर की योजना है, जिसका उद्देश्य उन क्षेत्रों तक पानी पहुंचाना है जहां सिंचाई की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। इसके अंतर्गत नहर, तालाब, ट्यूबवेल आदि का निर्माण कराया जाता है और सूक्ष्म सिंचाई (Micro Irrigation) को बढ़ावा दिया जाता है।
इस योजना के प्रमुख उद्देश्य हैं:
- हर खेत तक पानी पहुंचाना
- पानी की बर्बादी रोकना
- ड्रिप और स्प्रिंकलर जैसी आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देना
- कम पानी में अधिक उत्पादन सुनिश्चित करना
- किसानों की आय में वृद्धि करना
योजना के तहत मिलने वाली सब्सिडी
सरकार किसानों को ड्रिप और स्प्रिंकलर सिस्टम लगाने पर सब्सिडी प्रदान करती है। सब्सिडी की दर श्रेणी के अनुसार अलग-अलग हो सकती है:
- सामान्य वर्ग के किसान: लगभग 55% तक सब्सिडी
- SC/ST एवं लघु/सीमांत किसान: 75% से 85% तक सब्सिडी
उदाहरण से समझें
यदि कोई किसान अपने खेत में 1,00,000 रुपये का ड्रिप सिस्टम लगवाता है:
- सामान्य किसान को लगभग 55,000 रुपये तक की सहायता मिल सकती है।
- SC/ST या छोटे किसान को 75,000 से 85,000 रुपये तक की सहायता मिल सकती है।
शेष राशि किसान को स्वयं वहन करनी होती है।
कौन-कौन किसान आवेदन कर सकते हैं ?
इस योजना के लिए निम्न किसान पात्र हो सकते हैं:
- भारत के स्थायी किसान (छोटे, बड़े, सामान्य, SC/ST सभी श्रेणी)
- लघु एवं सीमांत किसान
- पट्टे या लीज पर खेती करने वाले किसान (मान्य दस्तावेज के साथ)
महत्वपूर्ण: एक ही भूमि पर सूक्ष्म सिंचाई सिस्टम के लिए सब्सिडी सामान्यतः एक बार ही दी जाती है।
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन के समय निम्न दस्तावेजों की आवश्यकता हो सकती है:
- आधार कार्ड
- भूमि से संबंधित दस्तावेज (खतियान/पट्टा/लीज एग्रीमेंट)
- बैंक पासबुक (आधार और मोबाइल नंबर लिंक होना चाहिए)
- पासपोर्ट साइज फोटो
- जाति प्रमाण पत्र (SC/ST के लिए)
राज्य के अनुसार अतिरिक्त दस्तावेज भी मांगे जा सकते हैं।
योजना के प्रमुख लाभ
- ड्रिप और स्प्रिंकलर सिस्टम पर सरकारी सब्सिडी
- पानी की बचत
- फसल उत्पादन में वृद्धि
- बिजली और डीजल खर्च में कमी
- खाद एवं उर्वरक का बेहतर उपयोग
- सूखे क्षेत्रों में सिंचाई सुविधा उपलब्ध
इससे किसान साल में एक से अधिक फसल उगा सकते हैं और आय बढ़ा सकते हैं।
आवेदन कैसे करें ?
1. ऑफलाइन आवेदन प्रक्रिया
- सभी आवश्यक दस्तावेज लेकर अपने नजदीकी:
- CSC सेंटर
- कृषि विभाग कार्यालय
- ब्लॉक कार्यालय
- कृषि विज्ञान केंद्र
- ग्राम पंचायत कार्यालय
- आवेदन फॉर्म भरें और दस्तावेज संलग्न कर जमा करें।
2. ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
- प्रत्येक राज्य की अलग आधिकारिक वेबसाइट होती है।
- संबंधित राज्य की कृषि विभाग वेबसाइट पर जाकर पंजीकरण करें।
- लॉगिन कर आवेदन फॉर्म भरें।
- आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें।
- आवेदन सबमिट करने के बाद आवेदन संख्या प्राप्त करें।
आवेदन के बाद क्या प्रक्रिया होती है ?
- कृषि अधिकारी खेत का निरीक्षण करते हैं।
- जमीन और प्रस्तावित सिस्टम की जांच की जाती है।
- स्वीकृति मिलने के बाद अधिकृत (सरकारी) विक्रेता द्वारा सिस्टम लगाया जाता है।
- इंस्टॉलेशन के बाद बिल और फोटो जमा किए जाते हैं।
- सत्यापन के बाद सब्सिडी राशि 30 से 90 दिनों के भीतर बैंक खाते में ट्रांसफर की जा सकती है।
ध्यान दें: स्वीकृति मिलने से पहले सिस्टम न लगवाएं, अन्यथा सब्सिडी का लाभ नहीं मिलेगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना कब शुरू हुई ?
यह योजना वर्ष 2015 में शुरू की गई थी।
2. क्या सभी किसान इस योजना के लिए पात्र हैं ?
हाँ, पात्रता मानदंड पूरा करने वाले सभी श्रेणी के किसान आवेदन कर सकते हैं।
3. क्या पट्टे पर खेती करने वाले किसान आवेदन कर सकते हैं ?
हाँ, यदि उनके पास वैध लीज एग्रीमेंट है तो वे आवेदन कर सकते हैं।
4. सब्सिडी कितने दिनों में मिलती है?
आवेदन स्वीकृत होने और इंस्टॉलेशन पूरा होने के बाद सामान्यतः 30 से 90 दिनों के भीतर राशि ट्रांसफर हो सकती है।
5. क्या एक ही जमीन पर बार-बार सब्सिडी मिल सकती है ?
आमतौर पर एक ही भूमि पर सूक्ष्म सिंचाई सिस्टम के लिए एक बार ही सब्सिडी दी जाती है।
6. क्या ऑनलाइन आवेदन जरूरी है ?
नहीं, किसान ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों तरीकों से आवेदन कर सकते हैं।
निष्कर्ष
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है, जो जल संरक्षण और आधुनिक सिंचाई तकनीक के माध्यम से उत्पादन बढ़ाने में सहायक है। यदि आप किसान हैं और अपने खेत में ड्रिप या स्प्रिंकलर सिस्टम लगवाना चाहते हैं, तो इस योजना का लाभ अवश्य लें।
अधिक जानकारी के लिए अपने राज्य के कृषि विभाग से संपर्क करें या आधिकारिक पोर्टल पर अपडेट देखें।